होम Strategy Politics शिवसेना ने सामना के संपादकीय के जरिये बीजेपी सरकार पर साधा निशाना

शिवसेना ने सामना के संपादकीय के जरिये बीजेपी सरकार पर साधा निशाना

शिवसेना ने सामना के संपादकीय के जरिये बीजेपी सरकार पर साधा निशाना

‘डी’ गैंग का रहस्य! इस हैडलाइन के जरिये बीजेपी पर सवाल उठाते हुए पूछा क्या हर जगह उन्हें सिर्फ दाऊद नजर आता है।

शिवसेना ने अपने संपादकीय में कहा कि “” भारतीय जनता पार्टी को जल, थल, काठ, पाषाण में सिर्फ दाऊद ही नजर आता है। विरोधियों को बदनाम करना होगा अथवा विरोधियों को फंसाना होगा तो उनका संबंध दाऊद से जोड़कर मुक्त हो जाना यही उनकी नीति है। भारतीय जनता पार्टी के बारे में कहना हो तो दाऊद उनका प्रिय पात्र ही बन गया है। विरोध का वैचारिक स्तर गिर जाने से भाजपा का दाऊद-दाऊद चल रहा है। नवाब मलिक का ‘डी’ गैंग से संबंध होने का आरोप पत्र ‘ईडी’ ने न्यायालय में प्रस्तुत किया है। पांच हजार पन्नों का यह आरोप पत्र है। इस आरोप पत्र में कितना तथ्य है इसका फैसला जब होना होगा तब होगा। परंतु नवाब मलिक को फंसाने के लिए ‘डी’ गैंग आदि से संबंध जोड़ा जा रहा है। शरद पवार जब देश के रक्षा मंत्री थे तब उन पर गोपीनाथ मुंडे आदि लोगों ने दाऊद से संबंध होने का आरोप लगाकर खलबली मचा दी थी। लेकिन बाद में गृह विभाग मुंडे के हाथ में आने के बावजूद इन आरोपों की जांच नहीं हुई और सच्चाई सामने नहीं लाई गई। इसके विपरीत विधानसभा में मुंडे ने कहा था कि ‘विरोधियों को बदनाम करने और नामोनिशान मिटाने के लिए इस तरह के आरोप लगाने पड़ते हैं।’ नवाब मलिक व महाविकास आघाड़ी के अन्य नेताओं के संदर्भ में इसी तरह के आरोप बीते कुछ महीनों से लगाए जा रहे हैं। विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस ने नवाब मलिक से व्यक्तिगत बैर निकाला है और केंद्रीय जांच एजेंसियों से सांठ-गांठ करके व्यक्तिगत दुश्मनी को आगे बढ़ा रहे हैं। केंद्रीय जांच एजेंसियों के अधिकारियों को ‘फतवा’ देने का काम श्री फडणवीस करते हैं। यह उन्हें आज दिलचस्प लगता है, परंतु भविष्य में यही खेल उन पर उल्टा पड़ सकता है। फडणवीस पांच साल तक राज्य के मुख्यमंत्री थे और गृहविभाग उन्हीं के पास था। नवाब मलिक का ‘डी’ गैंग से संबंध था, यह उन्हें तब क्यों नहीं नजर आया तथा ‘डी’ गैंग की जड़ें फडणवीस ने उसी समय क्यों नहीं उखाड़ी? मलिक का दाऊद आदि से संबंध था तो फडणवीस को उस रैकेट को ध्वस्त करना चाहिए था इसलिए फडणवीस भी उतने ही अपराधी हैं। नवाब मलिक व कथित ‘डी’ गैंग का संबंध दिखाने के लिए ये कोई आज के नहीं हैं। तो फिर क्या ये लोग उस समय सोये थे। फडणवीस के विरोध में नवाब मलिक द्वारा हमला शुरू करते ही केंद्रीय जांच एजेंसियों का योजनाबद्ध ढंग से इस्तेमाल किया गया और उसे ‘डी’ गैंग का संदर्भ दिया गया। दाऊद निश्चित तौर पर कहां है यह अब रहस्य ही है। दाऊद देश के लिए इतना खतरनाक है व उसके अंडरवर्ल्ड का जाल इस तरह से पैâला हुआ होगा तो केंद्र सरकार का गृहविभाग क्या कर रहा है? दाऊद पाकिस्तान में है और उसका पता-ठिकाना केंद्रीय गुप्तचर विभाग को पता होना चाहिए। उसी ठिकाने पर हमला करके हिंदुस्थान के इस शत्रु को हमेशा के लिए खत्म करना चाहिए व ऐसा करने से केंद्र सरकार को किसने रोका है? अमेरिका ने पाकिस्तान में घुसकर लादेन को मारा, परंतु दाऊद जिंदा है या मर गया है ये यहां के लोगों को पता नहीं है। परंतु इसके बावजूद दाऊद के नाम पर उनका जाप हमेशा जारी रहता है। मुंबई अंडरवर्ल्ड की व्यवस्था का अध्ययन भारतीय जनता पार्टी को गंभीरता से करना चाहिए। केंद्रीय जांच एजेंसियों पर दबाव डालकर इलाज कराने का कार्य किया जा रहा है। मुंबई के अंडरवर्ल्ड को पुलिस ने खत्म किया है। दाऊद की कथा अथवा दंतकथा अब शेष नहीं बची है, परंतु भाजपा और केंद्रीय जांच एजेंसियां दाऊद के नाम पर धंधा करके दाऊद की विरासत को जीवित रखने का प्रयास करती हैं। इसमें उनका स्वार्थ है। अबू सलेम जेल में है। छोटा शकील लापता है। हसीना पारकर का निधन हो चुका है। दाऊद का भाई इकबाल जेल में है। फिर भाजपा अथवा केंद्रीय जांच एजेंसियां जो कहती हैं वह ‘डी’ गैंग कहां है? ‘डी’ गैंग राजनीतिक विरोधियों को बदनाम करने भर के लिए बचा है, यह स्पष्ट हो गया है। नवाब मलिक के खिलाफ कार्रवाई व्यक्तिगत बदले की भावना से ही की गई है। मलिक ने ऐसे कुछ प्रकरणों में हाथ डाला था, जिसकी वजह से भाजपा की राह मुश्किल हो गई। अनिल देशमुख व औरों के मामले में यही हुआ। परंतु उसी तरह से केंद्रीय जांच एजेंसियों के काम करते रहने से उन पर विश्वास नहीं रखा जा सकेगा। फडणवीस अथवा भाजपा के फतवों पर कार्रवाई करना इसमें जिसे मर्दानगी का एहसास होता है वे खुद के लिए गड्ढा खोद रहे हैं।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Must Read

‘गोल्डन ह्यूमैनिटी अवार्ड 2022’से सम्मानित हुए मशहूर समाजसेवी ‘दिनेश बसंत निषाद’

'गोल्डन ह्यूमैनिटी अवार्ड 2022'से सम्मानित हुए मशहूर समाजसेवी 'दिनेश बसंत निषाद' मुंबई : देश की...

मुंबई में मनाया गया अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस, सीएम ने दिव्यांग मंत्रालय बनाने की घोषणा की

मुंबई में मनाया गया अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस, सीएम ने दिव्यांग मंत्रालय बनाने की घोषणा की

अमेरिका में जॉब और वीजा का झांसा देकर लोगों से लाखों रुपए ठगते थे

मुंबई साइबर पुलिस ने 4 विदेशी नागरिकों को महाराष्ट्र के पुणे से किया गिरफ्तार अमेरिका में जॉब और वीजा...

उद्धव गुट के नेता कृष्णा हेगड़े शिंदे गुट में हुए शामिल

उद्धव गुट के नेता कृष्णा हेगड़े शामिल हुए शिंदे गुट में .. उद्धव सेना को लगा एक और झटका...

लिव-इन-रिलेशनशिप को लेकर हाऊसिंग सोसायट नियम बनाए , राज्यपाल से की विनती – आत्मसम्मान मंच

श्रद्धा वालकर की दुखद घटना को लेकर "आत्मसम्मान मंच" की ओर से महाराष्ट्र के माननीय राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी जी को मिलकर...